हाइलाइट किए गए शब्द:
टैरिफ अटैक, डोनाल्ड ट्रंप, भारतीय एक्सपोर्ट, अमेरिका निर्यात, भारतीय अर्थव्यवस्था पर असर
🌟 आर्टिकल:
ट्रंप के टैरिफ अटैक से भारतीय एक्सपोर्ट उद्योगों पर संकट, 7.6 अरब डॉलर का नुकसान संभव
By BETULHUB News Desk
डोनाल्ड ट्रंप की वापसी के बाद टैरिफ अटैक की रणनीति से भारतीय एक्सपोर्ट उद्योगों पर बड़ा खतरा मंडरा रहा है। ग्लोबल ट्रेड रिसर्च इनिशिएटिव (GTRI) के अनुसार, अमेरिका द्वारा लगाए गए नए टैरिफ से भारत के कई प्रमुख उद्योगों को करीब 7.6 अरब डॉलर का नुकसान हो सकता है।
भारत के जिन सेक्टर्स पर इस फैसले का सबसे अधिक असर होगा, उनमें शामिल हैं — मछली और जलीय उत्पाद, लौह एवं स्टील, गोल्ड जूलरी और डायमंड, वीकल्स और ऑटो पार्ट्स, और इलेक्ट्रॉनिक एवं टेलिकॉम उत्पाद। इन क्षेत्रों में निर्यात में 15 से 20 फीसदी तक की गिरावट आने की आशंका है।

क्या है ट्रंप प्रशासन का फैसला?
9 अप्रैल से भारतीय उत्पादों पर 26% का अतिरिक्त टैरिफ लागू किया जाएगा। इससे पहले 5 से 8 अप्रैल तक 10% का बेसलाइन टैरिफ लगाया गया था। फार्मा, सेमीकंडक्टर्स और कुछ ऊर्जा उत्पादों को छोड़कर बाकी सभी आइटम्स पर यह टैक्स लागू होगा।
2024 में भारत ने अमेरिका को 89.81 अरब डॉलर का एक्सपोर्ट किया था। लेकिन GTRI का अनुमान है कि 2025 में इसमें 6.41 फीसदी की गिरावट हो सकती है। ये गिरावट सीधे भारतीय अर्थव्यवस्था और लाखों नौकरियों को प्रभावित कर सकती है।
प्रभावित होने वाले प्रमुख सेक्टर्स:
- सीफूड एक्सपोर्ट: 20% तक गिरावट संभव
- स्टील और लौह उत्पाद: 18% की संभावित कमी
- जूलरी और डायमंड: 15.3% तक गिरावट
- ऑटो पार्ट्स और इलेक्ट्रॉनिक्स: 12% तक की कमी
- प्लास्टिक, केमिकल्स और कारपेट्स: महत्वपूर्ण गिरावट की आशंका
क्या है रास्ता?
व्यापार विशेषज्ञों और उद्योग संगठनों का मानना है कि भारत सरकार को डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन के साथ टैरिफ वार्ता करनी चाहिए ताकि कुछ राहत मिल सके। हालांकि भारत को कुछ मामलों में Most Favored Nation (MFN) स्टेटस से लाभ हो सकता है, लेकिन कुल मिलाकर असर निगेटिव ही रहने की संभावना है।









Leave a Reply